इस पीडीएफ रिपोर्ट ("विश्व के प्रवासियों की धार्मिक संरचना" - Pew Research Center, अगस्त 2024) के आंकड़ों के आधार पर, यहाँ प्रवासियों के धर्मों का एक लंबवत (Vertical) आरेख (Diagram) और हिंदी में विस्तृत विवरण दिया गया है।
विश्व के प्रवासियों की धार्मिक संरचना (2020)
नीचे दिया गया आरेख 2020 तक अपने जन्म के देश से बाहर रहने वाले लोगों (प्रवासियों) के प्रतिशत को दर्शाता है
धर्म के अनुसार प्रवासियों का प्रतिशत (Vertical Diagram):
ईसाई (Christians)
███████████████████████ 47%
(कुल: 13.1 करोड़)
मुस्लिम (Muslims)
██████████████ 29%
(कुल: 8 करोड़)
धर्म से असंबद्ध (Unaffiliated)
██████ 13%
(कुल: 3.6 करोड़)
हिन्दू (Hindus)
██ 5%
(कुल: 1.35 करोड़)
बौद्ध (Buddhists)
█ 4%
(कुल: 1.1 करोड़)
अन्य धर्म (Other Religions)
█ 1%
यहूदी (Jews)
█ 1%
(कुल: 30 लाख)
मुख्य निष्कर्ष (Key Findings in Hindi)
सबसे बड़ा प्रवासी समूह: ईसाई दुनिया भर में सबसे बड़ा प्रवासी समूह हैं। 2020 में, अपने जन्म के देश से बाहर रहने वाले सभी लोगों में से 47% ईसाई थे
2 । मेक्सिको ईसाई प्रवासियों का सबसे बड़ा मूल देश है3 ।मुस्लिम प्रवासी: मुस्लिम दूसरा सबसे बड़ा समूह हैं, जो कुल प्रवासियों का 29% हैं
4 । सीरिया मुस्लिम प्रवासियों के लिए सबसे आम मूल देश है5 ।हिन्दू और बौद्ध: हिन्दू (5%) और बौद्ध (4%) प्रवासियों का छोटा हिस्सा हैं
6 । भारत हिन्दू प्रवासियों का सबसे बड़ा मूल देश है और साथ ही उनके लिए शीर्ष गंतव्य भी है7 ।यहूदी: हालांकि यहूदी कुल प्रवासियों का केवल 1% हैं, लेकिन वे प्रवास करने की सबसे अधिक संभावना रखते हैं। दुनिया के 20% यहूदी अपने जन्म के देश से बाहर रहते हैं, जो किसी भी अन्य धार्मिक समूह की तुलना में सबसे अधिक है
8 8 8 8 ।कुल प्रवासी जनसंख्या: 1990 से 2020 के बीच अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों की कुल संख्या 83% बढ़कर 28 करोड़ (280 मिलियन) से अधिक हो गई है
9 9 9 9 ।धर्म से असंबद्ध: जो लोग किसी धर्म से नहीं जुड़े हैं (नास्तिक या एग्नोस्टिक), वे प्रवासियों का 13% हिस्सा हैं
10 । चीन ऐसे प्रवासियों का सबसे आम मूल देश है11 ।
यह डेटा संयुक्त राष्ट्र के आंकड़ों और 270 से अधिक जनगणनाओं और सर्वेक्षणों के विश्लेषण पर आधारित है